एबीडी ने वित्त वर्ष 27 की दूसरी तिमाही में दर्ज की मजबूत टॉपलाइन ग्रोथ

एबीडी ने वित्त वर्ष 27 की दूसरी तिमाही में दर्ज की मजबूत टॉपलाइन ग्रोथ

  • परिचालन से आय 1,152 करोड़ रुपये रही, सालाना 15.8% और तिमाही-दर-तिमाही 17.1% की बढ़त
  • कंपनी ने 10.0 मिलियन केस की अब तक की सबसे अधिक तिमाही बिक्री दर्ज की

मुंबई, 27 अक्टूबर 2026: भारत की प्रमुख स्पिरिट्स कंपनियों में से एक, अलाइड ब्लेंडर्स एंड डिस्टिलर्स लिमिटेड (एबीडी) ने 30 सितंबर, 2026 को समाप्त हुई तिमाही और छमाही के लिए अपने अनऑडिटेड वित्तीय परिणामों का ऐलान कर दिया है।

समेकित वित्तीय परिणामों की झलक

वित्त वर्ष 27 की दूसरी तिमाही के प्रदर्शन की प्रमुख बातें:

  • परिचालन से आय ₹ 1,152 करोड़ रही, जो साल-दर-साल (y-o-y) आधार पर 15.8% और तिमाही-दर-तिमाही (q-o-q) आधार पर 17.1% अधिक है। Q2FY27 में अब तक की सबसे अधिक तिमाही बिक्री मात्रा 10.0 मिलियन केस दर्ज की गई, जिसका मुख्य कारण तिमाही-दर-तिमाही आधार पर सभी 4 मिलियनेयर ब्रांडों में हुई वृद्धि रही।
  • एबिटा 143 करोड़ रुपये रहा, जो सालाना 0% और तिमाही-दर-तिमाही आधार पर 19.2% ज्यादा है। हाल में तैयार सुपर-प्रीमियम से लक्जरी पोर्टफोलियो में लगातार निवेश और मुख्य ब्रांड्स को नया रूप देने से कंपनी के प्रीमियमकरण आधारित ग्रोथ एजेंडे को मजबूती मिल रही है
  • कर के बाद मुनाफा 69 करोड़ रुपये रहा, इसमें सालाना 7% और तिमाही-दर-तिमाही 52.0% की बढ़त हुई है
  • ग्लोबल सप्लाई चेन में रुकावटों के ₹29 करोड़ के असर को हटा दें, तो लाइक-टू-लाइक (LTL) EBITDA ₹172 करोड़ (साल-दर-साल आधार पर 3% अधिक), LTL EBITDA मार्जिन 14.9% (साल-दर-साल आधार पर 186 bps अधिक) और LTL PAT ₹91 करोड़ (साल-दर-साल आधार पर 44.3% अधिक) होता Q2FY27 में ।

इन नतीजों के बारे में अपनी बात रखते हुए, एबीडी के मैनेजिंग डायरेक्टर अमर सिन्हा ने कहा, “वित्त वर्ष 27 की दूसरी तिमाही एबीडी के लिए एक अहम पड़ाव रही है, जिसमें सभी वर्गों में हुई वृद्धि के दम पर पहली बार तिमाही बिक्री का आंकड़ा 1 करोड़ केस को पार कर गया। इसके अलावा, हमने अपने सुपर-प्रीमियम और लक्जरी पोर्टफोलियो को बढ़ाने में अपना निवेश जारी रखा, जिसमें ब्रांड-बिल्डिंग और वितरण से जुड़ी पहल शामिल हैं। क्षमता-विस्तार परियोजनाओं के हाल में शुरू होने से हमारी मैन्युफैक्चरिंग ताकत और बढ़ी है, जिससे सप्लाई चेन की दक्षता में सुधार और मार्जिन में बढ़ोतरी की संभावना है। त्योहारी सीजन सामने है, ऐसे में हमें टॉपलाइन ग्रोथ यानी आय में बढ़त की रफ्तार जारी रहने की उम्मीद है। हम महंगाई के रुझानों पर कड़ी नजर रखते हुए परिचालन दक्षता बढ़ाने और अपने कैपेक्स प्रोग्राम को अनुशासित ढंग से लागू करने पर फोकस कर रहे हैं।”

 

Q2FY27 के लिए प्रदर्शन समीक्षा और हाल के घटनाक्रम:

  • पूरे पोर्टफोलियो और क्षेत्रों में वृद्धि
  • Q2FY27 में 10.0 मिलियन केस डिलीवर किए गए, जबकि Q2FY26 में यह संख्या 9.0 मिलियन केस थी। इससे कुल वॉल्यूम में 11.1% की वृद्धि दिखी है, जिसमें ‘मास प्रीमियम और अन्य’ तथा ‘प्रेस्टीज और उससे ऊपर (P&A)’ – दोनों श्रेणियों में बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
  • वॉल्यूम में यह मजबूत वृद्धि H1FY27 के दौरान भी देखने को मिली। इस अवधि में हमने तीन बार रिकॉर्ड मासिक बिक्री हासिल की, और सितंबर 2026 में हमारा मासिक वॉल्यूम 3.5 मिलियन केस से भी अधिक हो गया, जो अब तक का सबसे ऊंचा स्तर है।
  • प्रीमियम बनाने का रुझान जारी रहा; H1FY27 में P&A वैल्यू सेगमेंट की हिस्सेदारी 58% रही, जो H1FY26 में 56% थी। वहीं, H1FY27 में P&A वॉल्यूम की हिस्सेदारी 46% रही, जबकि H1FY26 में यह 47% थी।
  • प्रमुख घरेलू और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में ‘मिलियनेयर ब्रांड्स’ की बदौलत विकास।
  • ICONiQ White लगातार तीन कैलेंडर वर्षों—2023, 2024 और 2025—में दुनिया का सबसे तेज़ी से बढ़ने वाला ‘मिलियनेयर व्हिस्की ब्रांड’ रहा है। Q2FY27 में इसकी बिक्री 3.2 मिलियन केस तक पहुँच गई, जो Q2FY26 के 2.6 मिलियन केस से 20.6% अधिक है। इसके साथ ही, औसत मासिक बिक्री लगातार 1 मिलियन केस से ऊपर बनी हुई है।

 

 

  • प्रीमियम व्हिस्की पोर्टफोलियो: द इंडियन एडिट का लांच
  • सितंबर 2026 में लॉन्च किया गया ‘द इंडियन एडिट’ एबीडी के प्रीमियम व्हिस्की पोर्टफोलियो को मजबूत बनाता है। इसमें भारतीय माल्ट और ग्रेन स्पिरिट्स को बेहतरीन स्कॉच माल्ट के साथ मिलाया गया है, और इसकी पैकेजिंग भारतीय विरासत से प्रेरित है।
  • यह महाराष्ट्र, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, असम, त्रिपुरा, राजस्थान और गोवा में उपलब्ध है और आगे दूसरे बाजारों में भी पहुंचेगा। ब्रांड को ट्रेड पार्टनर्स और ग्राहकों से उत्साहजनक रिस्पॉन्स मिला है।
  • यह 180 ml, 500 ml और 750 ml के SKU में उपलब्ध है; महाराष्ट्र में 750 ml पैक की कीमत ₹1,550 है।
  • ऑफिसर्स चॉइस ब्लू: प्रीमियम पैकेजिंग के साथ नई पहचान
  • ऑफिसर्स चॉइस ब्लू ने एक नई पहचान और प्रीमियम पैकेजिंग पेश की है। इसमें अधिक स्लीक बोतल, मैट गोल्ड फॉइलिंग वाला पारदर्शी लेबल और उभरा हुआ ‘Trusted Since 1988’ का मार्क शामिल है। यह नया रूप गुणवत्ता और निरंतरता के वादे को बनाए रखते हुए ब्रांड की विरासत का जश्न मनाता है।
  • सितंबर 2026 से उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, हरियाणा और पश्चिम बंगाल में शुरू की गई इस नई पैकेजिंग को ग्राहकों से उत्साहजनक रिस्पॉन्स मिला है। अन्य बाजारों में इसे चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा।
  • मुरादाबाद में बॉटलिंग यूनिट की शुरुआत: उत्तर प्रदेश में मैन्युफैक्चरिंग को मिली मजबूती
  • अक्टूबर 2026 में, ABD ने उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद में अपनी बॉटलिंग सुविधा में व्यावसायिक परिचालन शुरू किया, जिसकी शुरुआती क्षमता प्रति वर्ष 6 मिलियन केस थी। यह सुविधा उन संपत्तियों का हिस्सा थी जिन्हें जनवरी 2026 में लगभग ₹70 करोड़ में अधिग्रहित किया गया था, और बाद में लगभग ₹40 करोड़ के निवेश के साथ इसे अपग्रेड किया गया।
  • यह यूनिट एबीडी के मुख्य बाजारों में से एक में कंपनी की अपनी बॉटलिंग क्षमता को मजबूत करती है। इससे सर्विस दक्षता बेहतर होने और इन-हाउस बॉटलिंग बढ़ने व फ्रेंचाइजी फीस में बचत से लागत में फायदा मिलने की उम्मीद है।
  • रंगापुर में माल्ट डिस्टिलरी की शुरुआत: कैप्टिव माल्ट क्षमताओं को मजबूती
  • अक्टूबर 2026 में, एबीडी ने रंगापुर, तेलंगाना में लगभग 75 करोड़ रुपये के निवेश और लगभग 4.0 मिलियन बल्क लीटर की वार्षिक क्षमता के साथ अपनी कैप्टिव माल्ट डिस्टिलरी शुरू की। यह यूनिट कंपनी के मौजूदा मैन्युफैक्चरिंग परिसर के साथ जुड़ी हुई है, जहाँ पहले से ईएनए डिस्टिलरी, एक आईएमएफएल बॉटलिंग यूनिट और पीईटी बोतल बनाने का प्लांट मौजूद है।
  • इस डिस्टिलरी से कंपनी के बढ़ते पीएंडए पोर्टफोलियो की कैप्टिव माल्ट जरूरतें पूरी करने में मदद मिलने, बाहरी सोर्सिंग पर निर्भरता घटने और भविष्य के सिंगल माल्ट व्हिस्की पोर्टफोलियो के विकास में सहयोग मिलने की उम्मीद है।

 

  • अंतरराष्ट्रीय बाजार: विभिन्न देशों में कारोबार का विस्तार

 

  • पहला अंतरराष्ट्रीय मैन्युफैक्चरिंग प्लांट: अगस्त 2026 में, एबीडी ने मलेशिया में एक स्थापित स्थानीय साझेदार के साथ असेट-लाइट को-बॉटलिंग मॉडल के तहत ऑफिसर्स चॉइस ब्लू के अपने पहले विदेशी स्थानीय उत्पादन समझौते की घोषणा की। यह कदम दक्षिण-पूर्वी एशिया में कंपनी के विस्तार के लिए एक महत्वपूर्ण शुरुआत है, जिससे कम पूंजी लगाकर तेजी से बाजार में प्रवेश करने में मदद मिलेगी और प्रोडक्ट की गुणवत्ता व ब्रांड मानकों पर कंपनी की निगरानी भी बनी रहेगी।
  • लगातार विस्तार: कंपनी ने वित्त वर्ष 27 की दूसरी तिमाही में अपने अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क को 42 देशों तक बढ़ा लिया है, जबकि वित्त वर्ष 26 की चौथी तिमाही में यह संख्या 36 थी। वित्त वर्ष 27 की पहली छमाही में कंपनी ने यूरोपीय और अफ्रीकी बाजारों के साथ-साथ ऑस्ट्रेलिया में भी अपना विस्तार किया है।
  • एबीडी माएस्ट्रो के सुपर-प्रीमियम और लक्जरी पोर्टफोलियो का अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विस्तार जारी रहा और अब यह ऑस्ट्रेलिया, कनाडा, आइवरी कोस्ट, न्यूजीलैंड, रवांडा, सिएरा लियोन और यूएई में उपलब्ध है।
  • प्रमुख पुरस्कार और सम्मान: स्पिरिट्स कॉन्क्लेव एंड अचीवर्स अवार्ड्स 2026
  • एबीडी माएस्ट्रो प्राइवेट लिमिटेड को इसके सुपर-प्रीमियम और लक्जरी स्पिरिट्स पोर्टफोलियो की मजबूती को पहचान देते हुए ‘कंपनी ऑफ द ईयर 2026 (डोमेस्टिक)’ चुना गया और गोल्ड मेडल मिला।
  • रंगीला कंटेंपरेरी इंडियन वोदका ने ब्लाइंड टेस्टिंग कैटेगरी में प्रतियोगिता का सबसे प्रतिष्ठित ‘ग्रैंड गोल्ड मेडल’ जीता। येलो डिजाइनर व्हिस्की और औध आइरिश व्हिस्की दोनों को गोल्ड मिला, जबकि जोया प्रीमियम मिक्स्ड बेरीज जिन को सिल्वर मिला।
  • रंगीला कंटेंपरेरी इंडियन वोदका को ‘प्रोडक्ट लॉन्च 2026: वोदका’ के तहत गोल्ड मिला, जबकि औध आइरिश व्हिस्की ने ‘प्रोडक्ट लॉन्च 2026: व्हिस्की प्रीमियम’ के तहत संयुक्त रूप से गोल्ड हासिल किया।

ये पुरस्कार अलग-अलग श्रेणियों में एबीडी माएस्ट्रो के मजबूत प्रदर्शन और सुपर-प्रीमियम व लक्जरी स्पिरिट्स पोर्टफोलियो बनाने की इसकी प्रतिबद्धता को दर्शाते हैं।

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